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हां.. तुम जीत जाओगे
हां.. निश्चित ही तुम जीत जाओगे क्योंकि तुम जानते हो जीतने का फन साम, दाम, दंड, भेद तुम्हें सिर्फ जीत…
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बदलाव, अवसरवाद और भेडचाल
अवसरवाद नींव से लेकर शिखर तक दिख रहा है। वैचारिक अस्थिरता के कारण, नेता ही नहीं, पूर्व अफसर और अब…
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गिरगिट, अपराधबोध और कानकट्टा
आज सुबह से ही बड़ा दु:खी रहा। कहीं जाहिर नहीं किया, लेकिन वह बात बार-बार मुझे उलझाती रही, कि क्या…
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लो अब मान्यता भी खत्म
लो अब उक्रांद की राज्य स्तरीय राजनीतिक दल की मान्यता भी खत्म हो गई है। तो मान्यता खत्म होने के…
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फूल चढ़ाने तक की देशभक्ति
आज शहीद ए आजम भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरू का शहादत दिवस था। देश के अन्य शहरों, कस्बों की तरह…
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सर्ग दिदा
सर्ग दिदा पाणि पाणि हमरि विपदा तिन क्य जाणि रात रड़िन् डांडा-कांठा दिन बौगिन् हमरि गाणि उंदार दनकि आज-भोळ उकाळ…
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घृणा, राजनीति और चहेते
आज एक राजनीतिक दल से जुड़े परिचित ने अपने स्मार्टफोन पर व्हाट्स अप से आई तस्वीर दिखाई। उनके नेता की…
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कन्फ्यूजिंग प्रश्नों पर चाहूं रायशुमारी
अपने भविष्य को लेकर आजकल बड़ा कन्फ्यूजिया गया हूं। निर्धारण नहीं कर पा रहा हूं, कौन सा मुखौटा लगाऊं।…
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बसंत
लो फिर आ गया बसंत अपनी मुखड़ी में मौल्यार लेकर चाहता था मैं भी अन्वार बदले मेरी मेरे ढहते पाखों…
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